उत्तरकाशी-उफनती भागीरथी नदी किनारे पाठशाला ,हादसा हुआ तो कौन होगा जिम्मेदार, स्कूल प्रबन्धन की बड़ी लापरवाही
उत्तरकाशी ।।जनपद के डुंडा तहसील के निकट एक प्राइवेट स्कूल के बच्चों को स्कूल के टीचर उफनती भागीरथी नदी के किनारे ले गए और पाठशाला शुरू कर दी साथ में छात्र और टीचर फोटो भी खींच रहे है। जो तस्वीरों में साफ दिखाई दे रहा है जब आसपास के क्षेत्र के ग्रामीण जब नदी किनारे आज सोमवार को जल भरने गए और उन्होंने जब देखा कि कुछ बच्चे को टीचर उफनती भागीरथी नदी के किनारे फोटो खींच रहे हैं और टीचर बच्चों को पढ़ा रहे हैं तो उन्होंने शोर किया और तब जाकर बच्चे और टीचर भागीरथी नदी किनारे से वापस आए आखिर एक प्राइवेट स्कूल इस प्रकार की लापरवाही कैसे कर सकता है और नदी किनारे कौन सी पाठशाला चल रही है।यदि कोई हादसा होता तो जिम्मेदारी लेता उसके बाद जब बच्चे आए तो ग्रामीणों ने बच्चों और टीचरों से पूछा कि नदी किनारे कौन सी पाठशाला चल रही है। आजकल भागीरथी नदी का जलस्तर काफी बढ़ा हुआ है और एक लापरवाही बड़ी घटना को अंजाम दे सकती है वहीं मनेरी बांध से भी लगातार पानी को छोड़ा जा रहा है ऐसे में टीचरों के द्वारा स्कूली बच्चों को उफनती नदी किनारे ले जाना कितना खतरनाक हो सकता है।ग्रामीणों इस लापरवाही के लिए स्कूली टीचर एवं प्रिंसिपल पर कार्यवाही की मांग की है।






No comments:
Post a Comment
Note: Only a member of this blog may post a comment.